साधना के दौरान मोबाइल फोन और अन्य तकनीकी उपकरणों का उपयोग नहीं करें। उस पात्र का जल २४ घण्टे बाद किसी वृक्ष पर चढ़ा दें। साधना के दौरान सभी तांत्रिक विधियों का पालन करें। सिद्ध हो जाता है तब क्या होता है? यह तो सवाल आपके मन में जरूर होंगे https://johnnyfdvly.bloggerswise.com/47580728/helping-the-others-realize-the-advantages-of-smashan